सीएसआईआर-एसईआरसी के विशेष एवं बहुक्रियाशील संरचनाएँ प्रयोगशाला के प्रमुख एवं वैज्ञानिक-जी डॉ.(इंग.) सप्तर्षि ससमाल को द नेशनल एकेडमी ऑफ साइंसेज, इंडिया (NASI) के 2026 फेलो के रूप में निर्वाचित होने पर हार्दिक बधाइयाँ।
बधाइयाँ !
सीएसआईआर-एसईआरसी को 17वें CIDC विश्वकर्मा पुरस्कार 2026 में निर्माण क्षेत्र में अनुसंधान एवं विकास तथा शिक्षाविद्/प्रौद्योगिकीविद्/वैज्ञानिक/नवप्रवर्तक श्रेणियों में दो उपलब्धि पुरस्कार प्राप्त हुए।
पुरस्कार प्राप्तकर्ता: डॉ. बी. अरुण सुंदरम, डॉ. जे. प्रभाकर तथा डॉ. एस. भास्कर।
'फ्लाई ऐश आधारित जियोपॉलिमर कंक्रीट के स्थायित्व परीक्षण मापदंड' शीर्षक शोध-पत्र, जिसके लेखक एस. सुंदर कुमार, अमीना रफ़ीक, वी. श्रीनिवासन तथा एस. महेश्वरन हैं, को सर्वश्रेष्ठ शोध-पत्र पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह पुरस्कार पीएसजी प्रौद्योगिकी महाविद्यालय में 19–20 जून, 2026 को आयोजित निर्माण सामग्री एवं संरचनाओं में हालिया प्रगति पर अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन (RCMS-2026) के दौरान प्रदान किया गया।
बधाइयाँ !
डॉ. बी. एस. सिंधु को भारतीय राष्ट्रीय अभियांत्रिकी अकादमी (INAE) द्वारा सिविल अभियांत्रिकी के क्षेत्र में ‘यंग इंजीनियर अवार्ड-2025’ से सम्मानित किया गया। यह पुरस्कार 19 दिसंबर 2025 को बेंगलुरु स्थित एचएएल मैनेजमेंट अकादमी में आयोजित INAE वार्षिक अधिवेशन 2025 के दौरान प्रदान किया गया।
बधाइयाँ!
डॉ. एम. जे. महेश,वैज्ञानिक-सी, एपीएसएमएल प्रयोगशाला को ANRF प्रधानमंत्री प्रारंभिक कैरियर अनुसंधान अनुदान – 2025 के अंतर्गत प्रतिष्ठित अनुसंधान अनुदान प्राप्त हुआ है। परियोजना: “निम्न-आवृत्ति वाली संरचनात्मक अनुप्रयोगों के लिए मेटामटेरियल कंपन परिरक्षकों का अभिकल्पन एवं अनुकूलन।”
बधाइयाँ!
सीएसआईआर-एसईआरसी में AcSIR की शोधार्थी सुश्री युवश्री वी. वी. को डॉ. मोहित वर्मा, वैज्ञानिक-ई के मार्गदर्शन में भारत एआई मिशन, इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY), भारत सरकार के अंतर्गत प्रतिष्ठित इंडियाAI रिसर्च फेलोशिप-2025 प्रदान की गई है।
बधाइयाँ !
सीएसआईआर-एसईआरसी को 16वें सीआईडीसी विश्वकर्मा पुरस्कार 2025में विभिन्न श्रेणियों के अंतर्गत छह पुरस्कार प्राप्त हुए।
पुरस्कार प्राप्तकर्ता: डॉ. एम. बी. अनूप, डॉ. स्मिता गोपीनाथ, डॉ. सप्तर्षि ससमाल, डॉ. वी. श्रीनिवास, डॉ. बी. अरुण सुंदरम, डॉ. ए. कांचना देवी, डॉ. एस. पारिवल्लल तथा डॉ. एन. आनंदवल्ली।
बधाइयाँ !
डॉ. के. लक्ष्मी, वैज्ञानिक-एफ को द इंस्टीट्यूशन ऑफ इंजीनियर्स (इंडिया) द्वारा ‘सुचित कुमार घोष स्मृति पुरस्कार – 2025’ से सम्मानित किया गया है। यह पुरस्कार पुल अभियांत्रिकी के क्षेत्र में Series A Journal of IEI में वर्ष 2024 में प्रकाशित सर्वश्रेष्ठ शोध-पत्र के लिए प्रदान किया गया है।
डॉ. मोहित वर्मा, प्रधान वैज्ञानिक, ASTaR लैब को भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी (INSA) द्वारा वर्ष 2025 के लिए INSA युवा एसोसिएट के रूप में चयनित किया गया है।
नए पंबन रेलवे पुल का उपकरणीकरण, भार परीक्षण एवं संरचनात्मक स्वास्थ्य निगरानी
रेल विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) को पुराने पंबन रेलवे पुल के समानांतर मंडपम से पंबन होते हुए रामेश्वरम तक पहुँचने के लिए नए पंबन रेलवे पुल के निर्माण का दायित्व सौंपा गया है। इस पुल में 18 मीटर के 99 स्टील प्लेट गर्डर स्पैन तथा 65 मीटर का एक नौपरिवहन लिफ्ट स्पैन शामिल है। यह न
सीएसआईआर-एसईआरसी ने 10 से 14 फरवरी 2025 के दौरान बेंगलुरु स्थित येलहंका वायु सेना स्टेशन में आयोजित Aero India 2025 के अवसर पर अपने उच्च वेग बहु-प्रहार प्रतिरोधी चल सुरक्षा बूथ का प्रदर्शन किया।
वेलाचेरी और सेंट थॉमस माउंट के बीच एमआरटीएस पुल संरचनाओं का उपकरणीकरण एवं भार परीक्षण
सीएसआईआर-एसईआरसी ने लोकोमोटिव और भारित वैगनों से बनी मानक परीक्षण ट्रेन का उपयोग करते हुए स्थैतिक एवं गतिशील भार परीक्षण के माध्यम से वास्तविक सेवा स्थितियों में पुलों के संरचनात्मक कार्य-निष्पादन और सुरक्षा का सत्यापन किया।
हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) ने लाइट कॉम्बैट हेलीकॉप्टर (एलसीएच) के सहायक ईंधन टैंक पर कंपन परीक्षण करने के लिए सीएसआईआर– संरचनात्मक अभियांत्रिकी अनुसंधान केंद्र (सीएसआईआर-एसईआरसी) से संपर्क किया। एलसीएच की ईंधन प्रणाली में तीन मुख्य टैंक और दो आपूर्ति टैंक शामिल हैं।
सी एस आई आर – एस ई आर सी पिछले तीन दशकों से रेलवे को वेल्डेद रेल संधियों की गुणवत्ता के मूल्यांकन में सहायता करने में सबसे आगे र
सी एस आई आर – एस ई आर सी पिछले तीन दशकों से रेलवे को वेल्डेद रेल संधियों की गुणवत्ता के मूल्यांकन में सहायता करने में सबसे आगे रहती आ रही है . अभी हाल ही में अलुमिनो-थर्मिट वेल्डेड रेल संधि पर श्रांति सामर्थ्य मूल्यांकन का कार्य सी एस आई आर – एस ई आर सी ने सफ़लतापूर्वक पूरा किया